'सड़क 2' के ट्रेलर को विरोध का सामना करना पड़ रहा है।
'सड़क 2' के ट्रेलर को विरोध का सामना करना पड़ रहा है।

मुंबई/दक्षिण भारत। फिल्म निर्देशक महेश भट्ट की आगामी फिल्म ‘सड़क 2’ विवादों में घिर गई है। फिल्म का ट्रेलर आने के साथ ही यह सोशल मीडिया पर हिंदुत्व समर्थकों के निशाने पर आ गई है। इस फिल्म के बहिष्कार की अपील जोरों पर है।

बता दें कि असल झगड़ा फिल्म में एक बाबा और उसके आश्रम को पेश किए जाने से है। फिल्म में इस बाबा को खलनायक के तौर पर दिखाया गया है। यह किरदार मकरंद देशपांडे निभा रहे हैं। वहीं, ट्रेलर में यह दिखाया गया है कि बाबा के शिष्य अनैतिक कार्यों में शामिल रहते हैं।

फिल्म में बाबा को एक तांत्रिक जैसा दिखाया गया है और उसे भगवा वस्त्र नहीं पहनाए गए, लेकिन यूजर्स ने यह कहते हुए ट्विटर पर अपना विरोध दर्ज कराया कि सनातन धर्म में साधु-संतों की अनेक पूजन पद्धतियां हैं। इसी प्रकार, साधु अपनी परंपरा के अनुसार विशेष रंगों के वस्त्र पहनते हैं।

यूजर्स की शिकायत है कि फिल्मों और वेब सीरीज में क्यों बार-बार सनातन धर्म और संस्कृति को निशाना बनाया जाता है। इसके अलावा ट्रेलर रिलीज किए जाने के समय की भी चर्चा है। चूंकि अभी संजय दत्त की सेहत से जुड़ीं खबरें सुर्खियों में है और उनके प्रशंसक प्रार्थना कर रहे हैं कि वे कैंसर को मात देकर शीघ्र स्वस्थ हो जाएं।

यूजर्स का आरोप है कि ट्रेलर में संजय दत्त द्वारा निभाए गए किरदार को अधिक समय देने से साफ जाहिर है कि उनकी बीमारी को भी ‘भुनाने’ का प्रयास किया गया है जो उचित नहीं है। यह फिल्म सुशांत सिंह राजपूत मामले के कारण ‘नेपोटिज्म’ को लेकर भी निशाने पर है। चूंकि फिल्म में संजय दत्त, आलिया भट्ट और आदित्य रॉय कपूर ने अभिनय किया है।

यह फिल्म ‘सड़क’ का सीक्वल है जो 1991 में सुपरहिट हुई थी। तब उस फिल्म में सदाशिवराव अमरापुरकर ने खलनायक का किरदार निभाया था। यह किरदार रेडलाइट एरिया में सक्रिय एक शख्स से संबंधित था। आरोप है कि अब महेश भट्ट ने लोगों की भावनाएं आहत करने के लिए उसकी जगह बाबा का किरदार गढ़ा है और इसी बात पर लोग नाराज हैं।

ट्रेलर में दिखाया गया है कि ट्रेवल बिजनेस का संचालन करने वाले संजय दत्त यह कारोबार अपनी पत्नी पूजा भट्ट की मौत के बाद बंद कर देते हैं। हालांकि पत्नी द्वारा की गई आखिरी बुकिंग को पूरा करने के लिए वे आलिया भट्ट को लेकर जाते हैं। बीच में आलिया अपने मित्र को साथ लेती हैं और बाद में ये लोग उक्त बाबा के शिकंजे में आ जाते हैं, जिससे संजय दत्त मुकाबला करते हैं। फिल्म के ट्रेलर से ली गईं तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर कर उसके विरोध की अपील की जा रही है।