पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज
पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज

नई दिल्ली। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने एक पत्रकार के ट्वीट पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। दरअसल एक महिला पत्रकार ने ट्वीट किया था कि सुषमा स्वराज पाकिस्तान में करतारपुर कॉरिडोर के उद्घाटन समारोह में शामिल न होने का फैसला लेने के बाद मोदी सरकार संग जुड़े रहना नहीं चाहती हैं। इसके बाद सुषमा स्वराज ने जवाब दिया जो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है।

सीमी पाशा ने शनिवार को अपने ट्विटर अकाउंट पर लिखा था, ‘क्या किसी और को यह समझ में आता है कि सुषमा स्वराज मोदी सरकार और उसकी हरकतों की वजह से अब साथ जुड़ी नहीं रहना चाहती हैं?’ पाशा का यह ट्वीट ऐसे समय में आया है जब सुषमा स्वराज ने ऐलान किया था कि वे अगला लोकसभा चुनाव नहीं लड़ना चाहतीं।

करतारपुर कॉरिडोर के लिए पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कहा था कि इस्लाबाद ने 28 नवंबर को समारोह में शामिल होने के लिए भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को पाकिस्तान आने का न्योता भेजा है। हालांकि सुषमा स्वराज ने इस पर कहा कि उनकी पूर्व प्रतिबद्धताएं हैं, लिहाजा वे समारोह में शामिल नहीं हो सकतीं।

उक्त दोनों घटनाओं के बाद महिला पत्रकार ने यह ट्वीट किया, जिसमें इशारा किया गया था कि सुषमा स्वराज अब मोदी सरकार के साथ जुड़कर नहीं रहना चाहतीं। इस पर स्वराज ने प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा है कि सीमी का यह बयान ‘अपरिपक्व और मूर्खतापूर्ण’ है। बता दें कि पाकिस्तान से आए न्योते को स्वीकार करने में स्वराज ने असमर्थता जाहिर की थी लेकिन शनिवार को ही उन्होंने बताया कि पाकिस्तान में करतारपुर कॉरिडोर के समारोह में हरसिमरत कौर बादल और हरदीप सिंह पुरी शरीक होंगे।

इस दिन के लिए सुषमा स्वराज के कार्यक्रम पूर्व निर्धारित हैं। इसमें उनका तेलंगाना दौरा भी शामिल है, जहां वे चुनाव अभियान में भाग लेंगी। इस वजह से वे करतापुर साहिब की यात्रा नहीं कर पाएंगी। गौरतलब है कि मंगलवार को ही एक प्रेस वार्ता में सुषमा स्वराज ने कहा था ​कि वे स्वास्थ्य संबंधी वजहों से अगला लोकसभा चुनाव नहीं लड़ना चाहतीं। हालांकि उन्होंने अंतिम निर्णय पार्टी पर छोड़ा था।

सुषमा स्वराज मध्य प्रदेश के विदिश से लोकसभा सांसद हैं। वर्ष 2016 में उनकी सेहत खराब होने के बाद किडनी प्रत्यारोपण करवाया था। वे सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय हैं और विदेश में फंसे कई लोगों की मदद इसके जरिए कर चुकी हैं। इससे स्वराज के कार्य को काफी सराहना मिली है।