असम: विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के संकल्प पत्र में रोजगार, शिक्षा, सही एनआरसी सहित ये वादे

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा। फोटो स्रोत: भाजपा ट्विटर अकाउंट।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा। फोटो स्रोत: भाजपा ट्विटर अकाउंट।

गुवाहाटी/दक्षिण भारत। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने मंगलवार को गुवाहाटी में असम विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा का ‘संकल्प पत्र’ जारी किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पांच साल पहले असम निष्क्रिय था और उसने अपनी समस्याओं को हल करने की क्षमता खो दी थी। फिर मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में यह बदल गया है। हम असम के समावेशी विकास को आगे बढ़ाने में सक्षम हैं।

नड्डा ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में हमारा उद्देश्य जाति, माटी और बेटी को सशक्त करना रहा है। संस्कृति की रक्षा, असम की सुरक्षा और समृद्धि के लिए हम प्रतिबद्ध रहे हैं और इसे लेकर हम चले हैं। हमने विकास की गति प्राप्त की है। हम एक बड़ी छलांग के लिए खड़े हैं। इन आकांक्षाओं के साथ, हमने असम के लोगों के लिए 10 प्रतिबद्धताओं में अपने शब्दों को रखा है।

नड्डा ने कहा कि हम ब्रह्मपुत्र के आसपास बड़े जलाशयों का निर्माण करेंगे ताकि लोगों को बाढ़ से बचाने के लिए अतिरिक्त पानी का संरक्षण किया जा सके। इसके अलावा 30 लाख पात्र परिवारों को ओरुनोडोई योजना के तहत प्रति माह 3,000 रुपए की वित्तीय सहायता का भुगतान किया जाएगा।

नड्डा ने कहा कि हम नामघर से अवैध अतिक्रमण रोकेंगे और उचित पुनर्निर्माण के लिए प्रत्येक को 2.5 लाख रुपए की मदद करेंगे। हम मिशन शिशु उन्नयन के तहत गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम कक्षा आठवीं के बाद बालिकाओं के लिए साइकिल भी प्रदान करेंगे।

नड्डा ने कहा कि हम असम की सुरक्षा के लिए एक सही एनआरसी पर काम करेंगे। हम वास्तविक भारतीय नागरिकों की रक्षा करेंगे और असम सभ्यता सुरक्षित रखने के लिए घुसपैठियों का पता लगाएंगे। असम के राजनीतिक अधिकारों की रक्षा के लिए परिसीमन प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।

नड्डा ने कहा कि असम को आत्मनिर्भर बनाने के लिए, हम असम आहार आत्मनिर्भरता पहल शुरू करेंगे। इसके लिए हम माइक्रो और मैक्रो स्तर पर योजना बनाएंगे और इसे कई क्षेत्रों में आगे ले जाएंगे।

नड्डा ने कहा कि हम असम को देश में सबसे तेजी से नौकरियां उत्पन्न करने वाला राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम सार्वजनिक क्षेत्र में 2 लाख नौकरियां प्रदान करेंगे, जिनमें से 31 मार्च, 2022 तक एक लाख और बाकी बाद में। निजी क्षेत्र में भी 8 लाख रोजगार देंगे।

सही वित्तीय सहायता और माहौल के साथ, उद्यमी स्कूल विकसित किए जाएंगे। सभी नागरिकों को भूमि अधिकारों के साथ सशक्त करेंगे। भूमिहीन भारतीय नागरिकों को भूमि अधिकार भी प्रदान किए जाएंगे। ये प्रतिबद्धताएं विकास की हमारी दिशा हैं। कनेक्टिविटी, बुनियादी ढांचा, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, और अधिक पहलें समावेशी विकास के लिए हमारे उद्देश्य का एक हिस्सा हैं।