नई दिल्ली/भाषा। कोविड-19 के चलते जारी लॉकडाउन में बोरियत दूर करने के लिए रेडियो के प्रति लोगों के प्रेम में 23 प्रतिशत का उछाल आया है और इस तरह टेलीविजन के बाद रेडियो मनोरंजन का दूसरा सबसे बड़ा साधन बनकर उभरा है।

टेलीविजन और सोशल मीडिया के दबदबे के दौर में रेडियो की घटी लोकप्रियता को देश में जारी लॉकडाउन ने नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया है।

एसोसिएशन ऑफ रेडियो ऑपरेटर्स फॉर इंडिया (एआरओआई) के अध्ययन में कहा गया कि रेडियो के श्रोताओं की संख्या पांच करोड़ 10 लाख हो गई जो टेलीविजन के पांच करोड़ 60 लाख दर्शकों और सोशल मीडिया का इस्तेमाल करनेवाले पांच करोड़ 70 लाख लोगों की संख्या के करीब है।

एआरओआई ने एक बयान में कहा कि रेडियो अच्छे और बुरे, हर वक्त में लोगों का साथी रहा है। यह एक ऐसा माध्यम है जिसकी समूचे भारत में पहुंच है।