हैदराबाद। भाजपा महासचिव राम माधव ने रविवार को कहा कि विपक्षी पार्टियां समझ चुकी हैं कि वे वर्ष २०१९ का लोकसभा चुनाव नहीं जीत सकतीं और कांग्रेस के नेता जब गुजरात में विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार शुरू करना चाह रहे थे, उसी वक्त कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने नॉर्वे जाना ज्यादा जरूरी समझा। यहां पार्टी की एक बैठक को संबोधित करते हुए राम माधव ने कहा, ‘यही वजह है कि कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने ऐसे वक्त नार्वे की यात्रा करने का फैसला किया जब उनकी पार्टी के नेता गुजरात विधानसभा चुनावों के लिए एक सितंबर को प्रचार अभियान शुरू करना चाहते हैं। उन्होंने कहा, ‘एक तरह से हमें वर्ष-२०१९ को लेकर ज्यादा चिंता करने की जरूरत नहीं। लिहाजा, हम वर्ष-२०२२ के लक्ष्यों पर ध्यान दे सकते हैं।’’ विपक्षी पार्टियों ने तय कर लिया है कि वह वर्ष २०१९ में सत्ता में नहीं आ सकते। वे लोग (राहुल गांधी) नॉर्वे या इटली जा रहे हैं। माधव ने दावा किया कि कांग्रेस के नेता जब गुजरात में विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार शुरू करना चाह रहे थे, उसी वक्त उनके उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने नॉर्वे जाना ज्यादा जरूरी समझा। उन्होंने कहा, ‘गुजरात में चुनाव महज दो महीने दूर है। गुजरात कांग्रेस नेतृत्व एक सितंबर को प्रचार अभियान की शुरुआत करना चाहता था। एक ब़डी रैली प्रस्तावित थी और विपक्ष के नेता राहुल गांधी नॉर्वे रवाना हो गए। भाजपा नेता ने कहा कि इस साल गुजरात में, अगले साल छत्तीसग़ढ, मध्य प्रदेश और राजस्थान में और वर्ष २०१९ में दिल्ली (लोकसभा चुनाव) में कांग्रेस को कोई फायदा नहीं होने जा रहा, इसलिए वह (राहुल) नॉर्वे और इटली की यात्रा कर रहे हैं। भाजपा महासचिव ने कहा कि राजनीतिक दल (स्वाधीनता के बाद) के रूप में कांग्रेस को भंग करने संबंधी महात्मा गांधी के सुझाव को राहुल गांधी के कार्यकाल में ही लागू किया जाएगा। जबकि भाजपा के पास वर्ष २०२२ के विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए नरेंद्र मोदी का नेतृत्व है। उन्होंने कहा कि राजग सरकार देश को महान बनाने के लिए तेलंगाना राष्ट्र समिति और तृणमूल कांग्रेस जैसे विपक्षी दलों को भी साथ लेकर चलेगी।