डेल्टा क्षेत्र के किसानों के लिए कुरुवई सब्सिडी पैकेज की घोषणा

छह जिलों के लिए 58.92 करोड़ के पैकेज की हुई घोषणा

चेन्नई। राज्य सरकार ने सोमवार को कावेरी डेल्टा क्षेत्र में स्थित राज्य के छह जिलों के लिए ५८.९२ करो़ड रुपए के कुरुवई फसल सब्सिडी पैकेज की घोषणा की। इस पैकेज में १.३२ लाख एक़ड जमीन पर धान की बुवाई के लिए तथा १.६ लाख एक़ड जमीन पर कम पानी से होने वाले फसलों की बुवाई के लिए सब्सिडी दी जाएगी। राज्य सरकार की ओर से यह निर्णय कावेरी डेल्टा क्षेत्र में पानी की आपूर्ति करने वाले मेट्टूर बांध में अपर्याप्त पानी होने के कारण लिया गया है।ज्ञातव्य है कि मेट्टूर बांध को कावेरी डेल्टा क्षेत्र का लाइफलाइन माना जाता है। यह लगातार पांचवी बार है जब राज्य सरकार ने कावेरी डेल्टा क्षेत्र के किसानों के लिए सब्सिडी की घोषणा की है। आम तौर पर मेट्टूर बांध से हर वर्ष १२ जून को पानी छो़डने का समय निर्धारित किया गया है लेकिन पिछले दो वर्षों से बांध में पर्याप्त पानी नहीं होने के कारण पानी १२ जून को नहीं छो़डा जा सका। इस वर्ष भी बांध से १२ जून से पानी नहीं छो़डा जा सका है। मौजूदा समय में बांध का जलस्तर कम होकर मात्र २३.६८ फीट रह गया है जबकि इसकी क्षमता १२० फिट पानी संग्रहित करने की है।सोमवार को राज्य विधानसभा में बुलाई गई एक बैठक के दौरान मुख्यमंत्री इडाप्पाडी के पलानीसामी ने बांध में पानी के स्तर के बारे में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। पलानीसामी ने एक विज्ञपति जारी कर कहा है कि विशेष सब्सिडी पैकेज की घोषणा राज्य की मौजूदा स्थिति को देखते हुए की गई है। इसके साथ ही किसानों को पहले की तरह ही १२ घंटे तीन फेज में बिजली की आपूर्ति की जाएगी। उन्होंने कहा है कि सरकार की ओर से १.६ लाख एक़ड जमीन पर धान की खेती करने और १.३२ लाख एक़ड जमीन पर दहलन की खेती करने में किसानों को मदद की जाएगी।किसानों को ४,००० रुपए प्रति एक़ड के हिसाब से मशीनों से फसलों की बुवाई करने के लिए शत प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी। फसलों की उत्पादकता बढाने के लिए किसानों को प्रति एक़ड ५२० रुपए दिए जाएंगे और जमीन की उर्वरकता बढाने के लिए उसमें पोषक तत्वों को डालने के लिए २०० रुपए प्रति एक़ड के हिसाब से पोषक तत्व डाले जाएंगे। दलहन की फसल को बढावा देने के लिए किसानों को ९६० रुपए प्रति एक़ड की हिसाब से बीच उपलब्ध करवाए जाएंगे। पानी की आपूर्ति करने के लिए २१,००० रुपए प्रति इकाई के हिसाब से पाइप बिछाने के लिए सभी सरकार की ओर से आर्थिक मदद देने का निर्णय लिया गया है। प्रत्येक इकाई में ३० पीवीसी पाइप होंगी जिनकी लंबाई ६ मीटर होगी। प्रत्येक किसान को पानी का सही और न्यायपूर्ण ढंग से उपयोग करने के लिए १,३०० इकाइयां दी जाएंगी।