बेंगलूरु। भाजपा ने सोमवार को राज्यपाल वजूभाई वाला को एक ज्ञापन सौंप कर मुख्यमंत्री सिद्दरामैया के खिलाफ राजनीतिक प्रतिशोध लेने और भाजपा की छवि धूमिल करने का आरोप लगाया है। विधानसभा में विपक्ष के नेता जगदीश शेट्टर ने राज्यपाल को ज्ञापन सौंपने के बाद संवाददाताओं से कहा कि मुख्यमंत्री सिद्दरामैया एसीबी कार्यालय का दुरुपयोग कर रहे हैं और भाजपा नेताओं पर झूठे आरोप लगाकर मामले दर्ज कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को डर लग रहा है कि चुनावी वर्ष में भाजपा का राज्य में कद ब़ढ रहा है।शेट्टर ने कहा कि बेंगलूरु विकास प्राधिकरण (बीडीए) के पूर्व विशेष भूमि अधिग्रहण अधिकारी बसवा राजेंद्र ने आरोप लगाया है कि उन्हें ऐसा बयान देने के लिए मजबूर किया गया था। उनसे कहा गया था कि ऐसा न करने पर उन्हें पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बी एस येड्डीयुरप्पा के खिलाफ अधिसूचना रद्द करने से संबंधित मामलों में फंसाया जाएगा। शेट्टर ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार द्वारा प्रदेश के लोगों का ध्यान बंटाने के लिए भाजपा नेताओं पर नई-नई प्राथमिकी दर्ज कराई जा रही हैं और यह सब राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में अपनी नाकामी छिपाने के लिए किया जा रहा है। प्रतिनिधिमंडल में विधान परिषद में विपक्ष के नेता के. एस. ईश्वरप्पा, केन्द्रीय मंत्री अनंत कुमार, डी. वी सदानंद गौ़डा और भाजपा के अन्य नेता शामिल थे। इन सभी ने राजभवन में राज्यपाल से मुलाकात की। गौरतलब है कि एसीबी ने कथित रूप से नियमों के विरुद्ध जाकर भूमि अधिसूचना रद्द करने के आरोप में येड्डीयुरप्पा के खिलाफ दो एफआईआर दर्ज की हैं लेकिन इसमें एक नया मो़ड तब आ गया जब केएएस अधिकारी राजेन्द्र ने राज्यपाल और राज्य के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर आरोप लगाया कि एसीबी ने उन पर येड्डीयुरप्पा के खिलाफ झूठा वक्तव्य देने के लिए दबाव बनाया और ऐसा नहीं करने पर राजेन्द्र का नाम भी एफआईआर में शामिल करने की धमकी दी।