उडुपी। पेजावर मठाधीश श्री विश्वेश तीर्थ स्वामी ने कहा है कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के मुद्दे पर उनके पुराने रुख में कोई बदलाव नहीं आया है और इस वर्ष नवम्बर में उडुपी में होने वाले धर्म संसद में राम निर्माण निर्माण का मुद्दा प्रमुख होगा। उडुपी में इस वर्ष २४ से २६ नवम्बर के बीच विश्व हिन्दू परिषद (वीएचपी) द्वारा धर्म संसद का आयोजन किया जाएगा। पेजावर मठाधीश ने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के मुद्दे पर अपना रुख एक बार फिर स्पष्ट करते हुए कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की मांग को अन्य साधु और संतों की भांति ही मेरा पूर्ण समर्थन है। उन्होंने कहा कि नवम्बर में आयोजित होने वाले धर्म संसद में इस मुद्दे पर चर्चा की जाएगी। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण पर दिसम्बर में आने वाले सुप्रीम कोर्ट के संभावित निर्णय का भी हमें इंतजार है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र स्तरीय धर्म संसद में पूरे देश से करीब २५०० संत और साधुओं सहित महात्माओं के शामिल होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि इस दौरान २४ नवम्बर को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सर संघचालक मोहन भागवत धर्म संसद की कार्यवाही में भाग लेंगे। २५ और २६ नवम्बर को होने वाले कार्यक्रम क्रमशः श्री क्षेत्र धर्मस्थला के धर्माधिकारी डी. वीरेन्द्र हेग़डे एवं पेजावर मठाधीश के नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में संपन्न होंगे। २६ नवम्बर को एक विशाल जनसभा का आयोजन होगा जिसके तहत उसी दिन शाम ४ बजे एक विशाल रैली निकाली जाएगी। धर्म संसद में पूरे देश से हजारों प्रतिनिधियों के भाग लेने की उम्मीद है। इस दौरान अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का दीर्घप्रतीक्षित मांग प्रमुख विषय के रूप में शामिल होने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त कई अन्य तत्कालिक विषयों पर चर्चा होगी।