मतदाता पहचान पत्र मामले में दाखिल याचिका उच्च न्यायालय ने खारिज की

प्रतीकात्मक चित्र। फोटो स्रोत: PixaBay
प्रतीकात्मक चित्र। फोटो स्रोत: PixaBay

बेंगलूरु/दक्षिण भारत। कर्नाटक उच्च न्यायालय ने 2018 विधानसभा चुनावों के दौरान आरआर नगर निर्वाचन क्षेत्र के जलाहल्ली में एक घर से मतदाता पहचान पत्र और बीबीएमपी सील संबंधी कागजात जब्ती मामले में दाखिल जनहित याचिका बुधवार को खारिज कर दी जिसमें इस मामले की जांच कर्नाटक पुलिस से सीबीआई को स्थानांतरण की अपील की गई थी।

मुख्य न्यायाधीश अभय श्रीनिवास ओका और सचिन शंकर मगदुम की एक खंडपीठ ने वकीलों द्वारा पक्ष रखे जाने के बाद याचिका पर सुनवाई की। याचिकाकर्ता एन आनंद कुमार और जी संतोष कुमार ने शहर की पुलिस से इस मामले को सीबीआई को जांच स्थानांतरित करने के निर्देश मांगे थे।

याचिका में कहा गया था कि आरआर नगर निर्वाचन क्षेत्र से मुनिरत्ना सत्तारूढ़ दल के सदस्य होने के नाते राज्य पुलिस की जांच को प्रभावित कर सकते हैं।

पीठ ने फैसले में यह भी कहा कि हमारे समक्ष प्रस्तुत रिपोर्ट में यह कहा गया है कि याचिकाकर्ता कई तारीखों पर जांच अधिकारी के समक्ष उपस्थित हुए हैं। जांच अधिकारी को याचिकाकर्ताओं द्वारा लगाए गए आरोपों को ध्यान में रखते हुए जांच में सहयोग करना चाहिए। सीबीआई ने इस मामले की जांच करने की अनिच्छा दिखाई है, इसलिए हम अन्य एजेंसियों को जांच स्थानांतरित करने के आदेश पारित नहीं कर रहे हैं।