वाशिंगटन। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को कहा कि भारत दुनिया को आतंकवाद की ‘असली सूरत’’ दिखाने में सफल रहा है। इसीलिए जब हमने पाकिस्तान स्थित आतंकी ठिकानों पर सर्जिकल हमले किए तो किसी भी देश ने इसपर सवाल नहीं उठाया। विश्व भर में ब़ढ रहे घातक आतंकी हमलों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा, जब हम आज से २० साल पहले के आतंकवाद की बात करते हैं, तो दुनिया में कई लोगों ने कहा था कि यह कानून और व्यवस्था से जु़डी समस्या है और तब वे इसे समझते नहीं थे। अब आतंकियों ने उन्हें आतंकवाद का अर्थ समझा दिया है। इसलिए हमें अब उन्हें समझाने की जरूरत ही नहीं है। वर्जीनिया में आयोजित एक समारोह में लगभग ६०० भारतीय अमेरिकियों को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि २९ सितंबर को पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवादियों के प्रशिक्षण शिविरों पर भारतीय सेना के सर्जिकल हमलों ने दिखा दिया कि आम तौर पर संयम के सिद्धांत का पालन करने वाला भारत जरूरत प़डने पर अपनी संप्रभुता की रक्षा भी कर सकता है और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित भी कर सकता है। ये सर्जिकल हमले पाकिस्तान स्थित आतंकियों द्वारा कश्मीर के उरी में भारतीय सेना के अड्डे पर बोले गए आतंकी हमले के जवाब में किए गए थे। उरी के आतंकी हमले में १९ भारतीय सैनिक शहीद हो गए थे। उन्होंने प्रवासी भारतीयों से कहा, भारत ने जब सजिग्कल हमले किए तो विश्व को हमारी ताकत का अहसास हो गया। विश्व ने देखा कि वैसे तो हम संयम बरतते हैं लेकिन आतंकवाद से निपटने और खुद की सुरक्षा करने के दौरान जरूरत प़डने पर भारत अपनी शक्ति एवं पराक्रम भी दिखा सकता है।

वाशिंगटन। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) से भारत में ब़डा आर्थिक बदलाव आएगा और इससे अमेरिकी कपंनियों के लिए देश में कारोबार की अपार संभावनाएं बनेंगी। मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से होने वाली मुलाकात से पहले अमरीकी अखबार ‘वाल स्ट्रीट जर्नल’’ में लिखे लेख में यह विचार व्यक्त करते हुए लिखा, बदलते भारत में अमेरिकी कंपनियों के लिए निवेश और कारेाबार की अपार संभावनाएं बनेंगी। एक जुलाई से लागू होने जा रहे जीएसटी से एक अरब तीस करो़ड की आबादी वाला भारत एक ही झटके में महाद्वीप के आकार के एक विशाल एकीकृत बाजार में परिवर्तित हो जाएगा।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि नियंत्रण रेखा के पार हमले करने को लेकर विश्व भारत को कटघरे में खड़ा कर सकता था लेकिन पहली बार ऐसा हुआ कि पाकिस्तानी धरती पर आतंकी शिविरों के खिलाफ सर्जिकल हमले करने के भारत के इतने बड़े कदम पर दुनिया के किसी भी देश ने एक सवाल तक नहीं उठाया। मोदी ने पाकिस्तान पर एक और तंज कसते हुए कहा, हां, उन लोगों की बात और है, जो सर्जिकल हमलों का शिकार बने।

वाशिंगटन। गूगल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुंदर पिचाई ने कहा है कि औरों की तरह वह भी भारत में निवेश के उत्सुक हैं। पिचाई का यह बयान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और अमेरिकी कंपनियों के प्रमुखों के साथ रविवार को हुई राउंड टेबल वार्ता के बाद आया है। इस वार्ता में पिचाई भी शामिल थे। मोदी के साथ हुई चर्चा का जिक्र करते हुए पिचाई ने कहा कि यह चर्चा काफी सार्थक रही। यह चर्चा केवल भारत और अमेरिका के बीच नहीं थी बल्कि ऐसा लग रहा था जैसे पूरी दुनिया इसकी जद में आ गई हो। उन्होंने कहा कि सबका मन टटोल कर मोदी यह देखना चाह रहे थे कि आखिर भारत में ज्यादा से ज्यादा विदेशी निवेश कैसे आकर्षित किया जा सकता है। चर्चा के दौरान कई नए विचार आए,कई बातों पर चर्चा हुई लेकिन एक बात जो समान थी वह यह थी,’’मेरी तरह हर कोई भारत में निवेश का उत्सुक दिखा।’’