चीनी जासूस क्रिस्टीन फांग
चीनी जासूस क्रिस्टीन फांग

वॉशिंगटन/दक्षिण भारत। कोरोना वायरस से दुनियाभर को बड़ा नुकसान पहुंचा चुके चीन के बारे में एक और खुलासा हुआ है। दरअसल चीन ने अमेरिका में अपना जासूसी नेटवर्क वरिष्ठ नेताओं और अधिकारियों तक फैला रखा है।

स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, एक चीनी महिला करीब पांच साल तक अमेरिका में रही और इस दौरान उसने अमेरिका के कई नेताओं को अपने प्रेमजाल में फांसा। यही नहीं, इस रिपोर्ट में यह तक दावा किया गया है कि दो नेताओं से तो चीनी महिला के संबंध भी थे।

रिपोर्ट में बताया गया है कि यह चीनी जासूस फांग फांग या क्रिस्टीन फांग के नाम से जानी जाती थी। इसका काम था अमेरिका में रहकर उसके नेताओं की जानकारी चीनी खुफिया एजेंसियों तक पहुंचाना। अमेरिकी राजनीति में फांग का दबदबा इस कदर था कि उसने चुनाव में कई नेताओं की मदद की और उनके प्रचार अभियान के लिए चंदा जुटाया।

एफबीआई के रडार पर आई तो भागी चीन
इसके बाद फांग की हरकतों की जानकारी एफबीआई को हो गई और वह भागकर स्वदेश चली गई। फांग 2011 से 2015 तक कैलिफोर्निया में रही और यहां उसने खूबसूरती के दम पर अपना जाल खूब फैलाया।

कम उम्र के सांसदों पर फेंकती जाल
फांग अक्सर कम उम्र के सांसदों और अधिकारियों के निकट पहुंचने की कोशिश करती और उन्हें अपने जाल में फंसाने के लिए कई हथकंडे अपनाती। इस दौरान उसने किसी को यह भनक तक नहीं लगने दी कि वह जिन लोगों के संपर्क में आई, उनकी गोपनीय सूचनाएं चीनी खुफिया एजेंसी तक पहुंचा दी है।

भारत-नेपाल भी चाइनीज ब्यूटी के निशाने पर!
बता दें कि हाल में भारत में भी एक पत्रकार और उसकी महिला सहयोगी को चीन के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। इसी प्रकार, जून-जुलाई में नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली द्वारा विवादित नक्शे पेश किए जाने और भारतविरोधी बयानों के बाद एक चीनी महिला का नाम सुर्खियों में आया था। कई मीडिया रिपोर्टों में यह दावा किया गया कि नेपाली प्रधानमंत्री काठमांडू में चीन की राजदूत होउ यान्की के ‘जाल’ में फंस गए हैं।

मनचाहा ‘नाच’ नचाती चीनी राजदूत
किसी फैशन मॉडल की तरह दिखने वाली होउ यान्की के बारे में यह दावा किया जाता रहा है कि उनकी नेपाली प्रधानमंत्री कार्यालय से लेकर सेना प्रमुख पूर्ण चंद्र थापा और सभी महत्वपूर्ण दफ्तरों एवं स्थानों तक ‘सीधी’ पहुंच है। कहा तो यह भी जाता है कि वे अपने इशारों पर नेपाल के बड़े-बड़े अधिकारियों और नेताओं को मनचाहा ‘नाच’ नचाती हैं।