सांकेतिक चित्र
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तेल अवीव/एपी। इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने घोषणा की है कि उनके देश में लोगों को कोरोना वायरस संक्रमण से बचाव के लिए टीका लगाने का काम 27 दिसंबर से शुरू हो जाएगा। इसी के साथ इजराइल, अपने नागरिकों के लिए टीकाकरण अभियान शुरू करने वाले दुनिया के शुरुआती देशों में शुमार हो जाएगा।

नेतन्याहू का यह बयान तब आया है जब संयुक्त अरब अमीरात ने बुधवार को कहा कि कोविड-19 से रोकथाम के लिए चीन के टीके का शेखडोम महासंघ में परीक्षण किया गया और यह 86 प्रतिशत प्रभावी रहा। अमीरात के बयान में ज्यादा जानकारी नहीं दी गई, लेकिन इसमें दवा के प्रभावी होने के संबध में पहली बार सार्वजनिक तौर पर बताया गया।

इससे पहले बुधवार को नेतन्याहू ने फाइजर के टीके की पहली खेप आने पर प्रसन्नता व्यक्त की थी और इसे देश के लिए ‘जश्न का दिन’ बताया था। उन्होंने कहा, ‘मुझे इस टीके पर विश्वास है। मैं उम्मीद करता हूं कि आने वाले दिनों में इसे उचित मंजूरी मिल जाएगी।’

नेतन्याहू ने कहा कि वह टीका लगवाने वाले पहले शख्स बनना चाहते हैं, ताकि लोगों के सामने एक उदाहरण पेश किया जा सके। उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि जन टीकाकरण अभियान 27 दिसंबर से शुरू होगा, जिसमें एक दिन में 60,000 लोगों को टीका लगाया जाएगा। उन्होंने 90 लाख की आबादी वाले इस देश में टीके की इतनी संख्या को ‘पर्याप्त’ बताया।

जिन लोगों को टीका लग जाएगा उन्हें विशेष कार्ड या फोन के लिए ऐप दिए जाएंगे,ताकि वे बेरोकटोक घूम सकें और अर्थव्यवस्था को फिर से खोलने और दूसरों को भी टीकाकरण के लिए प्रोत्साहित कर सकें। नेतन्याहू ने कहा, ‘हम वायरस को समाप्त करने जा रहे हैं।’