खादिम हुसैन रिजवी
खादिम हुसैन रिजवी

लाहौर/दक्षिण भारत। पाकिस्तान में कट्टरपंथी धार्मिक समूह तहरीक-ए-लब्बैक (टीएलपी) के संचालक खादिम हुसैन रिजवी का गुरुवार को निधन हो गया। रिजवी 2015 में उस समय चर्चा में आया था जब उसने टीएलपी की स्थापना कर कट्टरपंथ को बढ़ावा देने वाले बयान दिए। हाल में कार्टून विवाद के बाद भी उसने फ्रांस के राष्ट्रपति के खिलाफ ‘जिहाद’ का ऐलान किया था।

स्थानीय मीडिया के अनुसार, 54 वर्षीय रिजवी की तबीयत खराब थी और लाहौर के एक अस्पताल में उसकी मौत हो गई। बताया गया कि उसे बुखार था और अचानक तबीयत बिगड़ गई।

रिजवी अक्सर अपने भाषणों में पाक सरकार समेत उन लोगों को आड़े हाथों लिया करता था जो ईशनिंदा कानूनों में सुधार की मांग करते थे। यही नहीं, उसने पंजाब (पाकिस्तान) के पूर्व गवर्नर सलमान तासीर के हत्यारे का महिमा मंडन किया था। दरअसल सलमान तासीर भी पाक के ईशनिंदा कानून में सुधार चाहते थे।

खादिम हुसैन रिजवी ने अक्टूबर 2018 में आसिया बीबी ईशनिंदा मामले को लेकर पाक प्रधानमंत्री इमरान खान, उच्चतम न्यायालय और सेना प्रमुख जनरल बाजवा के बारे में विवादित बयान दिए थे। उसके अनुयायियों ने पूरे पाकिस्तान में हिंसक प्रदर्शन भी किए थे। रिजवी ने मांग की थी कि ईसाई महिला आसिया बीबी को फांसी दी जाए। वहीं, पाकिस्तान के उच्चतम न्यायालय ने आसिया को बरी कर दिया था। इसके बाद रिजवी के समर्थकों ने जमकर आगजनी की थी।

रिजवी से छत्तीस का आंकड़ा रखने वाले इमरान खान ने उसकी मृत्यु पर शोक जताते हुए कहा कि पाकिस्तान ने एक महान धार्मिक विद्वान खो दिया है।