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चीनी जासूसों को शरण देने वालों से इंटेलिजेंस ब्यूरो कर रहा पूछताछ
गिरफ्तार किए गए चीनी नागरिक सु-फाई तथा उसकी महिला मित्र पेटख रेनूओ को पुलिस ने शुक्रवार को तीन दिन की रिमांड पर लिया
 
दोनों से इंटेलिजेंस ब्यूरो, आर्मी इंटेलिजेंस, नागरिक पुलिस तथा क्षेत्रीय इंटेलिजेंस के अधिकारी गहनता से पूछताछ कर रहे हैं

नोएडा/भाषा। उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में चीनी जासूसों को शरण देने के आरोप में थाना बीटा-2 पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए चीनी नागरिक सु-फाई तथा उसकी महिला मित्र पेटख रेनूओ को पुलिस ने शुक्रवार को तीन दिन की रिमांड पर लिया। इन दोनों से पूछताछ की जा रही है।

पुलिस उपायुक्त (जोन तृतीय) मीनाक्षी कात्यान ने बताया कि दोनों से इंटेलिजेंस ब्यूरो, आर्मी इंटेलिजेंस, नागरिक पुलिस तथा क्षेत्रीय इंटेलिजेंस के अधिकारी गहनता से पूछताछ कर रहे हैं। इनसे एक गुप्त स्थान पर पूछताछ की जा रही है। सूत्र बताते हैं कि पूछताछ में कई अहम जानकारियां मिली हैं।

इस मामले में पुलिस हर रोज नया खुलासा कर रही है। पुलिस ने बताया कि ग्रेटर नोएडा के घरबरा गांव स्थित चीनी नागरिकों के लिए बनाए गए गेस्ट हाउस मैं बैंक में प्रयोग होने वाली नोट गिनने की तीन मशीन मिली हैं।

इसके बाद जांच नेपाल के रास्ते भारत आने वाली नकली करेंसी की तरफ भी घूम गई है। नोट गिनने की मशीन मिलना इस ओर इशारा कर रहा है कि अड्डे पर मोटी नकद रकम आती-जाती थी।

इस मामले में तीन दिन से सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर तलाश रही पुलिस को सफलता मिली है। डीवीआर पुलिस को मिल गया है। विशेषज्ञ को बुलाकर डीवीआर का डाटा रिकवर करवाया जा रहा है।

मालूम हो कि बीते 11 जून को नेपाल सीमा पर बिहार के सीतामढ़ी क्षेत्र में एसएसबी ने दो चीनी नागरिकों लु लैंग और तो यूं हेलंग को पकड़ा था। दोनों 15 दिनों तक ग्रेटर नोएडा के घरबरा स्थित एक गेस्ट हाउस व जेपी ग्रींस सोसायटी में रहे थे।

दोनों को भारत में पनाह चीनी नागरिक सु फाइ व उसकी महिला मित्र नगालैंड निवासी पेटेख रेनुओ ने दी थी। पनाह देने वालों को ग्रेनो पुलिस ने पकड़ा तो पता चला कि अवैध रूप से सु फाइ भारत में रह रहा है। उसकी वीजा अवधि वर्ष 2020 में समाप्त हो गई थी।

सु फाइ से कई फर्जी दस्तावेज बरामद हुए जो कि देश सुरक्षा में सेंध लगा रहे थे। पुलिस को जांच में पता चला है कि जहां पर चीनी नागरिक ठहरे थे, वह गेस्ट हाउस अनैतिक कार्यों के लिए कुख्यात है।

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