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15 से 18 साल वालों के लिए टीकाकरण का ऐलान
प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्र को संबोधित किया
 
कोरोना अभी गया नहीं, इसलिए सतर्कता बहुत जरूरी

नई दिल्ली/दक्षिण भारत। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार रात राष्ट्र के नाम संदेश में कोरोना महामारी के खिलाफ भारत की लड़ाई के मजबूत संकल्प पर जोर देते हुए महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इसके अनुसार, अब 15 साल से 18 साल की उम्रवालों का टीकाकरण शुरू होगा। इसकी शुरुआत अगले साल 3 जनवरी, सोमवार से की जाएगी। वहीं, सावधानी के तौर पर हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स को प्रीकॉसन डोज दी जाएगी। इसकी शुरुआत 10 जनवरी, सोमवार से होगी।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत में भी कई लोगों के ओमीक्रॉन से संक्रमित होने का पता चला है। मैं आप सभी से आग्रह करूंगा कि पैनिक नहीं करें, सावधान और सतर्क रहें। मास्क लगाना और हाथों को थोड़ी-थोड़ी देर पर धोना, इन बातों को याद रखें।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज देश में 18 लाख आइसोलेशन बेड, 5 लाख ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड, 1.4 लाख आईसीयू बेड और बच्चों के लिए 90,000 स्पेशल बेड हैं। आज हमारे पास 3,000 से अधिक कार्यात्मक पीएसए ऑक्सीजन संयंत्र हैं और सभी राज्यों को 4 लाख सिलेंडर प्रदान किए गए हैं।

कहता है अनुभव ...
प्रधानमंत्री ने कहा कि कोरोना वैश्विक महामारी से लड़ाई का अब तक का अनुभव यही बताता है कि व्यक्तिगत स्तर पर सभी दिशानिर्देशों का पालन, कोरोना से मुकाबले का बहुत बड़ा हथियार है। दूसरा हथियार है टीकाकरण। देश ने बहुत पहले ही वैक्सीन बनाने पर मिशन मोड पर काम करना शुरू कर दिया था।

वैक्सीन पर शोध के अलावा, हम अनुमोदन प्रक्रियाओं, आपूर्ति शृंखलाओं, वितरण, प्रशिक्षण, आईटी सहायता प्रणाली और सर्टिफिकेशन पर भी काम कर रहे थे। इन्हीं प्रयासों से भारत ने 16 जनवरी से अपने नागरिकों का टीकाकरण शुरू किया।

प्रधानमंत्री ने कहा कि यह देश के सभी नागरिकों का सामूहिक प्रयास और सामूहिक इच्छाशक्ति है कि आज भारत 141 करोड़ वैक्सीन डोज के अभूतपूर्व और बहुत मुश्किल लक्ष्य को पार कर चुका है। भारत की वयस्क जनसंख्या में से 61 प्रतिशत से ज्यादा जनसंख्या को वैक्सीन की दोनों डोज लग चुकी है। इसी तरह, वयस्क जनसंख्या में से लगभग 90 प्रतिशत लोगों को वैक्सीन की एक डोज लगाई जा चुकी है।

हर भारतवासी गर्व करेगा
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज हर भारतवासी इस बात पर गर्व करेगा कि हमने दुनिया का सबसे बड़ा, सबसे विस्तृत और कठिन भौगोलिक स्थितियों के बीच इतना सुरक्षित वैक्सीनेशन अभियान चलाया। कईं राज्य और विशेषकर पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण राज्यों जैसे गोवा, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश ने शत प्रतिशत सिंगल डोज वैक्सीनेशन का लक्ष्य हासिल कर लिया है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि कोरोना अभी गया नहीं है, ऐसे में सतर्कता बहुत जरूरी है। देश और देशवासियों को सुरक्षित रखने के लिए हमने निरंतर काम किया है। 15 साल से 18 साल की आयु के बीच के जो बच्चे हैं, अब उनके लिए वैक्सीनेशन प्रारंभ होगा।
साल 2022 में, 3 जनवरी को, सोमवार के दिन से इसकी शुरुआत की जाएगी।

टीकाकरण से हारेगा कोरोना
प्रधानमंत्री ने कहा कि हम सबका अनुभव है कि जो कोरोना वॉरियर्स हैं, हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स हैं, इस लड़ाई में देश को सुरक्षित रखने में उनका बहुत बड़ा योगदान है। वो आज भी कोरोना के मरीजों की सेवा में अपना बहुत समय बिताते हैं। इसलिए प्रीकॉसन की दृष्टि से सरकार ने निर्णय लिया है कि हेल्थकेयर और फ्रंटलाइन वर्कर्स को वैक्सीन की प्रीकॉसन डोज भी प्रारंभ की जाएगी। इसकी शुरुआत साल 2022 में, 10 जनवरी, सोमवार के दिन से की जाएगी।

60 वर्ष से ऊपर की आयु के कॉ-मॉरबिडिटी वाले नागरिकों को, डॉक्टर की सलाह पर वैक्सीन की प्रीकॉसन डोज का विकल्प उनके लिए भी उपलब्ध होगा। यह भी 10 जनवरी से उपलब्ध होगा। प्रधानमंत्री ने देशवासियों से अपील की है कि मास्क और स्वच्छता संबंधी सावधानियों का पालन करें।