कोरोना को लेकर शिकंजे में आएगा चीन? बाइडन ने खुफिया एजेंसियों को दिया यह आदेश

अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन। फोटो स्रोतः ट्विटर अकाउंट।
अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन। फोटो स्रोतः ट्विटर अकाउंट।

वॉशिंगटन/भाषा। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने अपनी खुफिया एजेंसियों से दुनियाभर में बर्बादी लाने वाली घातक कोविड-19 वैश्विक महामारी की उत्पत्ति का पता लगाने के प्रयासों को और अधिक तेज करने को कहा है।

बाइडन ने एक बयान में कहा, ‘अब मैंने खुफिया समुदाय से सूचना एकत्र करने और उनका विश्लेषण करने के प्रयास तेज करने को कहा है जो हमें निर्णायक निष्कर्ष के और करीब लेकर जाएं … और उनसे 90 दिनों के भीतर मुझे वापस रिपोर्ट देने को कहा है।’

राष्ट्रपति ने कहा कि रिपोर्ट के तहत उन्होंने जरूरी तथा जांच के क्षेत्रों को तलाशने को कहा है जिनमें चीन के लिए विशेष प्रश्न होंगे।

उन्होंने कहा, ‘मैंने यह भी कहा है कि इस प्रयास में हमारी राष्ट्रीय प्रयोगशालाएं और सरकार की अन्य एजेंसियों के काम भी शामिल होने चाहिए जो खुफिया समुदाय के प्रयासों को बढ़ाएं। और मैंने खुफिया समुदाय से उसके कार्य से कांग्रेस को पूरी तरह अवगत रखने को कहा है।’

बाइडन ने कहा कि अमेरिका दुनिया भर में समान विचार रखने वाले साझेदारों के साथ काम करना जारी रख चीन पर पूर्ण, पारदर्शी एवं साक्ष्य आधारित अंतरराष्ट्रीय जांच में शामिल होने तथा सभी संबंधित जानकारियां एवं साक्ष्यों तक पहुंच उपलब्ध कराने का दबाव बनाता रहेगा।

इससे पहले 2020 में जब कोरोना वायरस उभरकर आया था, तब बाइडन ने रोग नियंत्रण केंद्र (सीडीसी) को चीन तक पहुंच देने को कहा था ताकि वायरस के बारे में जाना जा सके तथा अमेरिका इससे और प्रभावी ढंग से लड़ सके।

राष्ट्रपति ने कहा, ‘हमारे निरीक्षकों को उन शुरुआती महीनों में ग्राउंड पर न जाने देना कोविड-19 की उत्पत्ति में किसी भी जांच को हमेशा नुकसान पहुंचाएगा।’

बाइडन ने कहा, ‘बावजूद इसके, मार्च में मेरे राष्ट्रपति बनते ही मैंने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार को खुफिया समुदाय को कोविड-19 की उत्पत्ति के सबसे अद्यतन विश्लेषण पर एक रिपोर्ट तैयार करने को कहा था जिसमें संक्रमित पशु से, मानव संपर्क से या प्रयोगशाला में दुर्घटनावश हुई उत्पत्ति को लेकर जांच भी शामिल है।’